Kolaras tehsil of Shivpuri district,
Madhya Pradesh (India)
Kolaras tehsil of Shivpuri district,
Madhya Pradesh (India)
"पहला सुख निरोगी काया! जब गाँव का हर नागरिक स्वस्थ होगा, तभी पंचायत उन्नति के शिखर को छुएगी।"
हमारा ग्राम पंचायत स्वास्थ्य केंद्र केवल एक भवन नहीं, बल्कि ग्रामीणों की जीवन रेखा है। यहाँ बिना किसी भेदभाव के हर व्यक्ति को उत्कृष्ट और निःशुल्क चिकित्सा सुविधा प्रदान की जाती है। हमारा प्रयास है कि किसी भी ग्रामीण को सामान्य बीमारियों या प्राथमिक उपचार के लिए शहर की ओर न भागना पड़े।
हर घर तक सुलभ, मुफ्त और गुणवत्तापूर्ण प्राथमिक चिकित्सा पहुँचाना।
बीमारी मुक्त, कुपोषण मुक्त और शत-प्रतिशत स्वस्थ ग्राम पंचायत का निर्माण।
5 लाख रुपये तक का निःशुल्क स्वास्थ्य बीमा। पंचायत में ई-केवाईसी और कार्ड बनवाने की सुविधा उपलब्ध।
संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने के लिए माताओं को आर्थिक सहायता और निःशुल्क परिवहन (102)।
आंगनवाड़ी और स्कूलों में 0-18 वर्ष के बच्चों का निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण और उपचार।
गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए गरीब असहाय मरीजों को सरकार की तरफ से आर्थिक मदद।
"हमारा उद्देश्य सिर्फ बीमारी का इलाज करना नहीं, बल्कि ग्रामीणों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना है। हम 24 घंटे आपकी सेवा के लिए तत्पर हैं।"
"“यहाँ अधिकांश बीमारियों का समुचित और गुणवत्तापूर्ण उपचार सफलतापूर्वक किया जा रहा है।”।"
"“पथरी की समस्या का समुचित उपचार मिला, जिससे अब स्वास्थ्य में काफी सुधार है।"
"“गांठ की समस्या का उचित उपचार मिला, जिससे स्वास्थ्य में सुधार महसूस हो रहा है।”"
"“टीबी का नियमित और सही उपचार मिलने से स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है और आत्मविश्वास बढ़ा है।"
"भयमुक्त समाज ही विकास की पहली सीढ़ी है! जब गाँव का हर नागरिक सुरक्षित होगा, तभी असली प्रगति होगी।"
ग्राम पंचायत लुकवासा में कानून व्यवस्था और नागरिकों की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। स्थानीय पुलिस प्रशासन और ग्राम रक्षा समिति के समन्वय से हम गाँव में एक ऐसा शांतिपूर्ण वातावरण तैयार कर रहे हैं, जहाँ रात हो या दिन, हर महिला, बुजुर्ग और बच्चा खुद को पूरी तरह सुरक्षित महसूस करे।
अपराधों पर लगाम कसना और त्वरित पुलिस सहायता सुनिश्चित कर एक भयमुक्त गाँव बनाना।
तकनीक (CCTV) और जन-सहयोग के माध्यम से 100% सुरक्षित और शांतिपूर्ण पंचायत का निर्माण।
किसी भी आपात स्थिति या अपराध की सूचना पर मात्र 15 मिनट के भीतर पुलिस सहायता आपके द्वार पर।
घरेलू हिंसा, छेड़छाड़ या महिला अपराधों की रोकथाम के लिए थानों में विशेष प्रशिक्षित महिला पुलिसकर्मी।
बैंक फ्रॉड या ऑनलाइन ठगी होने पर तुरंत 1930 पर कॉल करें। पंचायत में साइबर जागरूकता शिविर।
पुलिस और पब्लिक के बीच दूरी कम करने के लिए गाँव में समय-समय पर पुलिस चौपाल का आयोजन।